अंबिकापुर शहर में झोला छाप डॉक्टरों का जाल लगातार फैलता जा रहा है। मेडिकल स्टोर की आड़ में अवैध क्लिनिक धड़ल्ले से संचालित हो रहे हैं, जहां बिना डिग्री और पंजीकरण के इलाज किया जा रहा है.. ऐसा ही एक मामला अंबिकापुर के बनारस रोड़ स्थित ग्राम चठिरमा के व्यापारी मेडिकल से सामने आया है..जहां कथित झोला छाप डॉक्टर के इलाज से 17 वर्षीय किशोरी की तबीयत गंभीर रूप से बिगड़ गई..बताया जा रहा है कि किशोरी को तीन दिनों से बुखार था और उसका इलाज व्यापारी मेडिकल में चल रहा था…इलाज के दौरान अचानक उसकी हालत बिगड़ गई और वह बेहोश हो गई.. इसके बाद परिजन आनन-फानन में उसे मेडिकल कॉलेज अस्पताल लेकर पहुंचे, जहां उसकी हालत गंभीर बनी हुई है..स्थानीय लोगों का आरोप है कि व्यापारी मेडिकल में वर्षों से अवैध क्लिनिक संचालित हो रहा है, जहां रोजाना सैकड़ों मरीजों का इलाज किया जाता है.. इसके बावजूद स्वास्थ्य विभाग और प्रशासनिक अधिकारियों की ओर से ठोस कार्रवाई नहीं की जाती.. आरोप यह भी है कि कार्रवाई के नाम पर केवल औपचारिकता निभाई जाती है..जिससे कुछ दिनों बाद फिर वही गोरखधंधा शुरू हो जाता है..अब बड़ा सवाल यह है कि क्या लोगों की जान से खिलवाड़ करने वाले ऐसे अवैध क्लिनिक व्यापारी मेडिकल पर पर कभी सख्त कार्रवाई होगी, या फिर स्वास्थ्य विभाग की चुप्पी यूं ही मासूमों की जान पर भारी पड़ती रहेगी?



